समाचार · हरियाणा
रेवाड़ी से लापता बच्चा भिवानी मिला:ट्रेन में 110 किलोटर दूर पहुंचा 7 वर्षीय बालक, राजस्थान का रहने वाला परिवार
रेवाड़ी से लापता एक बच्चा भिवानी में मिला है। जो ट्रेन में बैठकर करीब 110 किलोमीटर दूर पहुंच गया। गनीमत रही कि करीब 7 वर्षीय बच्चा भिवानी रेलवे स्टेशन पर घूमते हुए आरपीएफ को मिल गया और उन्होंने बच्चा सीड्ब्ल्यूसी को सौंप दिया। जिसके बाद बच्चे की काउंसिलिंग की गई और उसके परिवार का पता लगाया गया। परिवार को बुलाकर बच्चे को परिवार के हवाले कर दिया। भिवानी सीडब्ल्यूसी के चेयरमैन एडवोकेट प्रदीप सिंह तंवर ने बताया कि भिवानी के रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर 2 व 3 पर एक बच्चा घूमते हुए आरपीएफ को मिला। जिन्होंने लावारिस हालत में घूम रहे बच्चे को सीडब्ल्यूसी के हवाले कर दिया। वहीं सीड्ब्ल्यूसी की टीम ने बच्चे की काउंसिलिंग की। हालांकि बच्चे ने अलग-अलग जगह की लोकेशन बताई। उसने अपने पैतृक गांव राजस्थान के जिला करोली के बारे में बताया और फिर रेवाड़ी के दहिना का पता दिया। जिसके बाद संबंधित थानों में संपर्क करके बच्चे की पहचान के लिए प्रयास किए। इधर, बच्चा लापता होने के बाद से परिवार वालों ने उसकी तलाश आरंभ कर दी थी। बच्चे का सुराग कहीं पर नहीं लगा तो परिवार भी रेवाड़ी जिले की संबंधित पुलिस चौकी में चले गए। जहां पर उन्होंने बच्चे के लापता होने की रिपोर्ट लिखवाई। जिसके बाद पुलिस से संपर्क करके परिवार से संपर्क किया और बुलाया गया। वहीं बच्चा परिवार के हवाले कर दिया। बच्चे की उम्र करीब 7 साल है। जो ट्रेन में बैठकर भिवानी आ गया था। ट्रेन में भिवानी आया
बच्चे के पिता ने बताया कि वह राजस्थान के करोली जिला का रहने वाला है। वहीं फिलहाल परिवार के साथ रेवाड़ी के गांव में रहता है और खुद मेहनत मजदूरी करता है। उसको कुल चार बच्चे (3 बेटे व 1 बेटी) है। करीब चार दिन पहले उसका बेटा अन्य बच्चों के साथ खेल रहा था। लेकिन अचानक गायब हो गया। जब देर शाम तक उसका बेटा वापस घर नहीं लौटा तो उन्होंने तलाश आरंभ कर दी, लेकिन कहीं पर कोई सुराग नहीं लगा। इसके बाद वे पुलिस के पास मदद के लिए पहुंचे। इसी दौरान बच्चा भिवानी में होने की सूचना मिली। जिसके बाद वे भिवानी सीडब्ल्यूसी ऑफिस पहुंचे। यहां बच्चे से मिले, बेटा वापस मिलने पर काफी खुशी है। वहीं उसने कहा कि जब बेटे से पता किया तो जानकारी मिली कि गांव में ही रेलवे स्टेशन है। बच्चे को रेल में बैठना पसंद है। वह गांव से ट्रेन में बैठ गया और उसकी ट्रेन में भिवानी आ गया।